मौ.अरबाज
संभल (परिपाटी न्यूज़) आज दिनांक 04/02/2026 को जनपद सम्भल के चन्दौसी मण्डी सभागार में में कृषि विभाग के अधिकारियों एव कर्मचारियों हेतु एक दिवसीय कार्यशाला प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जिला कृषि अधिकारी प्रबोध कुमार मिश्रा, अपर जिला कृषि अधिकारी विजय कुमार उपस्थित रहे, तथाकृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक पंकज कुमार, इफ़को मुरादाबाद से यशवीर सिंह, जनपद संभल क्षेत्र अधिकारी अमित पटेल और जनपद के लगभग 50 अधिकारी और कर्मचारीगण उपस्थित रहे! कार्यक्रम में यशवीर सिंह जी द्वारा नैनो यूरिया प्लस एवं डीएपी के उपयोग के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रासायनिक उर्वरकों का प्रयोग करके हमारी मिट्टी का स्वस्थ ख़राब होता जा रहा है। लगातार किसान भाइयो द्वारा रासायनिक उर्वरकों के प्रयोग से फसलों पर बीमारियों का कीट पतंगों का प्रकोप बढ़ता है जिससे हमारे उत्पादन में कमी आ रही है इसके साथ साथ मृदा में पोषक तत्वों की काफ़ी कमी

आयी हैं किसान भाई रासायनिक दानेदार उर्वरकों का उपयोग कम करके नैनो उर्वरकों का उपयोग करे। किसान भाई नैनो डीएपी से बीज उपचार हेतु नैनो डी०ए०पी० की 5 मिली प्रति किग्रा बीज को शोधित करके बुवाई करे उसके पश्चात 35-40 दिन पर पत्तियों पर छिड़काव करें जिससे फसल को भरपूर पोषक तत्वों प्राप्त होगा। कार्यक्रम में में जिला कृषि अधिकारी प्रबोध कुमार मिश्रा ने बताया कि नैनो डीएपी जोकि दानेदार डीएपी का वैकल्पिक रूप है अतः सभी अधिकारी एव कर्मचारी जो क्षेत्र में मौजूद हैं वो किसानों को जागरूक करें ताकि किसानों में जागरूकता पैदा हो और वो नैनो उर्वरकों को प्रयोग में ला लाभ प्राप्त कर सकें । क्षेत्र अधिकारी अमित पटेल ने बताया मक्के की बुवाई आरम्भ होने को है इसमें किसान भाई नैनो डीएपी का प्रयोग 5 मिली प्रति किग्रा बीज को शोधित करके बुवाई करे उनके लागत में कमी आएगी और फसल का उत्पादन बढ़ेगा। नैनो यूरिया का उपयोग बुवाई के 35-40 दिन जब पौधे पर पत्तियों की संख्या पर्याप्त हो जाती हैं नैनो जिंक ,नैनो कॉपर के बारे 1 मिली प्रति लीटर की दर से स्प्रे के बारे मे भी विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई। कृषि विज्ञान केन्द्र पालथा फ़ार्म के वैज्ञानिक डॉ० पंकज कुमार ने बताया की किसानो को फसल में संतुलित मात्रा उर्वरकों का प्रयोग ही फसल उप्तपादन को बढ़ाता है।