अफजाल हुसैन
संभल ( परिपाटी न्यूज़) थाना असमोली क्षेत्र के ग्राम रतुपुर में एक पारिवारिक विवाद का मामला सामने आया है। गांव निवासी **फरमूद पुत्र सलीम** ने अपनी पत्नी मीरपुर इशरत पुत्री मोहम्मद जान पर कई गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस से शिकायत की है। फरमूद के अनुसार, दोनों की शादी करीब सात वर्ष पूर्व हुई थी और उनका एक पांच वर्षीय बेटा है।फरमूद का आरोप है कि वह हाल ही में अपनी रिश्तेदारी में एक व्यक्ति के दफन में शामिल होने गया था। जब वह वापस घर लौटा तो उसकी पत्नी इशरत घर पर नहीं थी। उसका पांच वर्षीय बेटा घर में अकेला रोता हुआ मिला। फरमूद के मुताबिक, बेटे से पूछने पर उसे जानकारी हुई कि उसकी मां इशरत अपने मायके चली गई है।फरमूद का आरोप है कि इशरत अपने बेटे को घर में अकेला छोड़कर चली गई और घर में रखी नकदी व अन्य सामान भी अपने साथ ले गई। उसका कहना है कि यह पहली बार नहीं हुआ है, बल्कि इससे पहले भी उसकी पत्नी कई बार घर छोड़कर जा चुकी है।फरमूद ने यह भी आरोप लगाया कि उसकी पत्नी कई बार उसके खिलाफ पुलिस को भेज देती है। उसका कहना है कि वह अपनी पत्नी की बीमारी और दवाइयों को लेकर किसी प्रकार की लापरवाही नहीं करता, इसके बावजूद वह बार-बार घर छोड़कर चली जाती है। फरमूद के मुताबिक, वह

समझ नहीं पा रहा है कि उसकी पत्नी आखिर क्या चाहती है।फरमूद ने अपने ससुराल पक्ष पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उसका कहना है कि उसके साल का ससुर, जो खेतापुर के रहने वाले हैं, उसे जान से मारने की धमकी देते हैं। फरमूद के अनुसार, उसके छोटे साले नवाब जान और बड़े साले मुनव्वर भी अपनी बहन इशरत को समझाने का प्रयास नहीं करते।फरमूद ने बताया कि उसने मढ़न चौकी में तहरीर देकर शिकायत की है और पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाने तथा उचित कार्रवाई की मांग की है। मामले में दूसरे पक्ष का पक्ष जानने के लिए परिपाटी न्यूज़ की टीम ने इशरत से मोबाइल फोन के माध्यम से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन इशरत की ओर से कोई स्पष्ट वर्जन नहीं दिया गया। इसके अलावा टीम ने इशरत के भाई से भी फोन पर दो बार बातचीत कर उनका पक्ष जानने का प्रयास किया, लेकिन समाचार तैयार किए जाने तक दूसरे पक्ष की ओर से कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया प्राप्त नहीं हो सकी।नोट: यह समाचार शिकायतकर्ता फरमूद द्वारा लगाए गए आरोपों और उपलब्ध जानकारी पर आधारित है। आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है। पुलिस जांच के बाद ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
