अजमल अंसारी
बिजनौर (परिपाटी न्यूज़) बिजनौर जिले की चांदपुर तहसील परिसर में भारतीय किसान यूनियन (चढ़ूनी) का धरना-प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी रहा। मंगलवार को संगठन के पदाधिकारियों और ग्रामीणों ने अपनी मांगों को लेकर दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक अर्द्धनग्न होकर प्रदर्शन किया, जिससे प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया।*मामला चांदपुर तहसील का है* भाकियू (चढ़ूनी) के कार्यकर्ताओं ने सोमवार से धरना शुरू किया था। किसानों की मुख्य मांग तहसीलदार चांदपुर द्वारा जब्त की गई पांच ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और एक जेसीबी को तत्काल मुक्त कराए जाने की है।कब्रिस्तान में जलभराव दूर करने का काम बना विवाद की जड़भाकियू (चढ़ूनी) का आरोप है कि गांव चेहली में कब्रिस्तान में लंबे समय से भरे पानी की समस्या को दूर करने के लिए मिट्टी का भराव कराया जा रहा था। संगठन का दावा है कि इस कार्य के लिए ऑनलाइन अनुमति ली गई थी, साथ ही तहसीलदार चांदपुर, हल्का लेखपाल और स्थानीय चौकी को भी इसकी पूर्व सूचना दी गई थी।किसानों के अनुसार, जब जेसीबी कब्रिस्तान में रास्ता बना रही थी, उसी दौरान

तहसीलदार मौके पर पहुंचे और बिना किसानों की बात सुने पांच ट्रैक्टर-ट्रॉली व एक जेसीबी को जब्त कर थाने ले जाकर सीज कर दिया। इस कार्रवाई से किसानों में भारी आक्रोश फैल गया।*अनिश्चितकालीन धरने पर अड़े किसान*कार्रवाई के विरोध में भाकियू (चढ़ूनी) के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को तहसील परिसर में धरना शुरू किया। मांगें पूरी न होने पर इसे अनिश्चितकालीन धरने में बदल दिया गया। अब किसान तहसील परिसर में तंबू गाड़कर डटे हुए हैं और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं।*संगठन ने दी चेतावनी*भाकियू (चढ़ूनी) के युवा जिलाध्यक्ष रोहित चौधरी ने कहा कि दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक अर्द्धनग्न प्रदर्शन के दौरान यदि किसानों के साथ कोई अप्रिय घटना होती है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी तहसील प्रशासन की होगी।वहीं जिला उपाध्यक्ष अल्ताफ अहमद ने चेतावनी दी कि बुधवार को संगठन के बड़े पदाधिकारी चांदपुर पहुंचेंगे और यदि मांगें नहीं मानी गईं तो तहसील में तालाबंदी की जाएगी।धरने और अर्द्धनग्न प्रदर्शन से चांदपुर तहसील परिसर में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। प्रशासन की ओर से फिलहाल कोई ठोस बयान सामने नहीं आया है, जबकि किसानों ने संघर्ष और तेज करने के संकेत दे दिए हैं।