मृतक के परिजनों ने डॉक्टर पर ₹2500 मांगने के लगा गंभीर आरोप

रिपोर्ट- अजमल अंसारी/परिपाटी न्यूज़ मीडिया चांदपुर
चांदपुर (परिपाटी न्यूज़)। बिजनौर के चांदपुर के जलीलपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर प्रसव पीड़ा के चलते भर्ती कराई गई महिला की बच्चा होने के बाद मौत हो गई। आरोप है महिला का लापरवाही से प्रसव कराया गया जिसके चलते ब्लीडिंग नही रुकी।रात भर उसकी मौत की खबर छुपाई गई और सुबह होने पर परिजनों को उसका शव सौंप दिया गया। परिजनों के हंगामे के बाद स्वास्थ्य विभाग का स्टाफ भाग खड़ा हुआ। मृतका के परिजनों के साथ पहुंचे ग्रामीणों ने कार्यवाही की मांग को लेकर रोड पर जाम लगा दिया। मृतका के परिजनों ने लापरवाह कर्मीयों पर कार्यवाही और परिजनों को मुआवजा दिए जाने की मांग की है।

दरअसल मामला तहसील चांदपुर के गांव फैजीपुर सलैमपुर निवासी महिला रीना देवी पत्नी चन्द्रभान सिंह को शुक्रवार को प्रसव पीड़ा होने पर जलीलपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया था जहां शुक्रवार शाम को ही महिला ने एक बच्चे को जन्म दिया।बच्चा सकुशल पैदा हुआ परिजन सभी खुश थे।रात भर महिला पीएचसी में भर्ती रही लेकिन सुबह को परिजनों को पीएचसी से महिला का शव सौंपा गया जिससे परिजनों के होश उड़ गए।

महिला की मौत के बाद परिजन पीएचसी पर इकठ्ठा हो गए और हंगामा करने लगे हंगामा होते देख स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी पीएचसी से भाग खड़े हुए तो परिजनों ने शव रोड पर रखकर जमकर हंगामा किया और संबंधित लोगों पर कार्यवाही की मांग करने लगे। परिजनों ने जाम लगाकर आरोप लगाया कि परिजनों से ₹2500 मांगे गए । पैसों का इंतजाम न होने पर देरी हो गई पीएचसी में उनकी महिला का लापरवाही से प्रसव कराया गया जिसके चलते ब्लीडिंग नही रुकी और उसकी मौत हो गई यहां तक की उसकी मौत की खबर भी छुपाई गई । और सुबह ही उन्हें शव सौंप दिया गया और चलता करने की कौशिश की गई। लापरवाही आरोपियों पर कड़ी कार्यवाही की जाए और परिजनों को मुआवजा दिया जाए। घटनास्थल पर पहुंचे स्वास्थ्य अधिकारियों सहित एसडीएम व थाना प्रभारी निरीक्षक चांदपुर, सीओ सर्वम सिंह धामपुर , और सीओ चांदपुर भरत सोनकर भारी पुलिस बल के साथ मौके पर थे ।

कोतवाली प्रभारी निरीक्षक चांदपुर राजेश बैसला , एसडीएम चांदपुर , मामला निपटाने में लग गए। काफी समझाने के बाद पीड़ित परिवार थाना प्रभारी को तहरीर सोंपी , तहरीर के बाद भी पीड़ित परिवार व ग्रामीण रोड से ना हटे तो पुलिस ने बाल दिखाते हुए लाठी फटकारी तब जाकर रोड को खाली कराया गया गर्भवती महिलाओ के लिए चांदपुर क्षेत्र श्राप बनता जा रहा है यहां स्वास्थ्य सुविधाएं चरमराई हुई है अब कई प्राईवेट अस्पतालों में दर्जनों गर्भवती महिलाओं की लापरवाही के चलते मौत हो चुकी है वही अब इस कतार में सरकार अस्पताल का नाम भी जुड़ गया है घटना का निपटारा होने पर सब भूल जाते हैं और कार्यवाही के नाम पर रह जाती है जांच पड़ताल। फिर उसी तरह से नर्सिंग सुविधाएं सुचारू हो जाती है। ना अस्पताल बंद होते हैं और ना इनकी ओटी। पिछले दिनों जांच के नाम पर बंद की गई कई नर्सिंग होम की ओटी सुचारू रूप से चल रही है ।