
शिव कुमार
संभल (परिपाटी न्यूज ) एम एम कोचिंग सेंटर असमोली मे डाॅ0 ए0 पी0 जे0 अब्दुल कलाम का जन्म दिन बहुत हर्ष उल्लास के साथ मनाया गया । सभी विद्यार्थियो ने कलाम जैसा बनने की प्रेरणा ली । आगे बोलते हुए एम एम कोचिंग संस्थान के डायरेक्टर मोहम्मद मूनिस ने बताया की। डॉ कलाम का जन्म 15 अक्टूबर 1931 को हुआ था। वे भारत के राष्ट्रपति रहे। कई लोगों का मानना है कि संयुक्त राष्ट्र ने 15 अक्टूबर को वर्ल्ड स्टूडेंट्स डे के तौर पर तय किया है, लेकिन असल में संयुक्त राष्ट्र 15 अक्टूबर को इंटरनेशनल डे ऑफ रूरल वीमेन के तौर पर मनाता है और स्टूडेंट्स डे को कोई आधिकारिक पहचान नहीं देता।

आपको बता दें कि डॉ. कलाम का मानना था कि स्टूडेंट्स ही हैं जो दुनिया में बड़े बदलाव लाने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने साइंस और टोक्नोलॉजी, विशेषकर मिसाइल और अंतरिक्ष अनुसंधान में महत्वपूर्ण योगदान दिया, लेकिन उनका असली जुनून सिर्फ स्टूडेंट्स को पढ़ाने और प्रेरित करने में था। दरअसल डॉ. कलाम ने अपना अधिकतर जीवन युवा छात्रों को प्रेरित करने और गाइड करने के लिए समर्पित कर दिया। इस दिन का मनाने का उद्देश्य यह भी समझना है कि स्टूडेंट्स भविष्य को बनाने में कितनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। एपीजे अब्दुल कलाम ने कहा था कि सपने ही हमारी कोशिशों और मेहनत की दिशा को तय करते हैं आपका सपना सच हो सकता है, लेकिन पहले आपको उसे देखने की हिम्मत करनी होगी। जब आप कठिनाइयों का सामना करते हुए जब हम अपने लक्ष्य को प्राप्त करते हैं, तो जीवन में सफलता का आनंद तभी आता है। इस अवसर पर समस्त अध्यापक सहित छात्र उपस्थित रहे ।