रिपोर्ट अवधेश कुमार मौर्य
हरगाँव (सीतापुर)। जनपद के हरगाँव थाना क्षेत्र के अंतर्गत काजी कमालपुर उपकेंद्र के नौव्वा भेंका फीडर पर गुरुवार शाम एक हृदयविदारक हादसा हो गया। यहाँ सुजौलापुर गांव में ट्रांसफार्मर की मरम्मत कर रहे एक संविदा कर्मचारी की बिजली की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद से मृतक के परिजनों में कोहराम मचा है और ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के खिलाफ आक्रोश व्यक्त किया है।
घटना का विवरण
जानकारी के अनुसार, पीलीभीत जनपद निवासी प्रवेश शर्मा विद्युत विभाग में संविदा कर्मचारी के रूप में तैनात थे। गुरुवार शाम करीब 5:00 बजे वह सुजौलापुर गांव में एक खराब ट्रांसफार्मर को ठीक करने के लिए खंभे पर चढ़े थे। कार्य के दौरान अचानक लाइन में करंट आ गया, जिससे प्रवेश शर्मा बुरी तरह झुलस गए और ट्रांसफार्मर से चिपक कर मौके पर ही उनकी जान चली गई।
विभाग की भूमिका पर सवाल हादसे के बाद ग्रामीणों और परिजनों ने विद्युत विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। परिजनों का कहना है कि बिना शटडाउन की पुष्टि किए लाइन कैसे चालू हो गई?

अवर अभियंता (JE) अश्वनी वर्मा ने बताया कि फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि कार्य शुरू करने से पहले फीडर से आधिकारिक शटडाउन लिया गया था या नहीं।
घटना के समय फीडर पर अर्जुन (TG-2) और विशाल शर्मा की ड्यूटी (सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक) थी।
“मृतक के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल और ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के बीच हुई बातचीत की जांच की जाएगी, जिसके बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।” — अश्वनी वर्मा, अवर अभियंता
प्रशासनिक कार्रवाई और मांग
सूचना पर पहुँची पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से शव को ट्रांसफार्मर से नीचे उतरवाया और पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मौके पर पहुँचे नायब तहसीलदार महेंद्र तिवारी ने आक्रोशित ग्रामीणों को शांत कराया। विभाग यह जांच कर रहा है कि क्या कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों (Safety Gear) का पालन किया गया था।
ग्रामीणों ने मृतक के परिवार को उचित आर्थिक सहायता देने और दोषी कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।